होम ज्योतिष 5 अगस्त को दोपहर बाद बन रहा है राहु काल

5 अगस्त को दोपहर बाद बन रहा है राहु काल

90
0

पंचांग के अनुसार 05 अगस्त 2021, गुरुवार को श्रावण मास की कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि है. हिंदू धर्म में त्रयोदशी की तिथि का विशेष महत्व बताया गया है. इस दिन प्रदोष व्रत रखा जाता है. प्रदोष व्रत भगवान शिव को समर्पित है. इस दिन भगवान शिव की पूजा की जाती है.
आज का व्रत
प्रदोष व्रत प्रदोष व्रत प्रत्येक मास की त्रयोदशी की तिथि को रखा जाता है. प्रदोष व्रत में भगवान शिव की विशेष पूजा की जाती है. सावन मास में भगवान शिव के पर्व और व्रतों का विशेष महत्व होता है. इस दिन विधि पूर्वक पूजा करने से भगवान शिव प्रसन्न होते हैं. पंचांग के अनुसार त्रयोदशी की तिथि 05 अगस्त को शाम 05 बजकर 09 मिनट से आरंभ होगी. 06 अगस्त की शाम 06 बजकर 28 मिनट पर त्रयोदशी की तिथि का समापन होगा.
आज का राहु काल
पंचांग के अनुसार 05 अगस्त 2021, शुक्रवार को राहु काल का समय दोपहर 02 बजकर 07 मिनट से दोपहर 03 बजकर 48 मिनट तक है. मान्यता है कि राहु काल में पूजा और शुभ कार्य नहीं किए जाते है.
05 अगस्त 2021 पंचांग
विक्रमी संवत्: 2078
मास पूर्णिमांत: श्रावण
पक्ष: कृष्ण
दिन: गुरूवार
तिथि: द्वादशी – 17:11:48 तक
नक्षत्र: आर्द्रा – पूर्ण रात्रि तक
करण: तैतिल – 17:11:48 तक
योग: हर्शण – 25:12:00 तक
सूर्योदय: 05:44:22 AM
सूर्यास्त: 19:09:29 PM
चन्द्रमा: मिथुन राशि
द्रिक ऋतु: वर्षा
राहुकाल: 14:07:33 से 15:48:12 तक (इस काल में कोई भी शुभ कार्य नहीं किया जाता है)
शुभ मुहूर्त का समय, अभिजीत मुहूर्त – 12:00:05 से 12:53:45 तक
दिशा शूल: दक्षिण
अशुभ मुहूर्त का समय –
दुष्टमुहूर्त: 10:12:44 से 11:06:24 तक, 15:34:47 से 16:28:27 तक
कुलिक: 10:12:44 से 11:06:24 तक
कालवेला / अर्द्धयाम: 17:22:08 से 18:15:48 तक
यमघण्ट: 06:38:02 से 07:31:42 तक
कंटक: 15:34:47 से 16:28:27 तक
यमगण्ड: 05:44:22 से 07:25:00 तक
गुलिक काल: 09:05:38 से 10:46:17 तक

पिछला लेखकोसा धागे से महिलाएं बुन रही जीवन का ताना-बाना
अगला लेखघी का डेली इस्तेमाल

कोई जवाब दें

Please enter your comment!
Please enter your name here