खल्लारी में नए मतदान केंद्र बनाने की मांग, विधायक द्वारिकाधीश यादव ने निर्वाचन अधिकारी को लिखा पत्र

एसएसआर के तहत मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण पर जोर, दूरस्थ गांवों के मतदाताओं को सुविधा देने उठाई आवाज
बागबाहरा। भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के तहत चल रही विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण प्रक्रिया के बीच खल्लारी विधानसभा क्षेत्र में नए मतदान केंद्रों की स्थापना और मौजूदा मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण की मांग तेज हो गई है। जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष एवं खल्लारी विधायक द्वारिकाधीश यादव ने इस संबंध में जिला निर्वाचन अधिकारी, महासमुंद को पत्र भेजकर प्रस्तावित ग्रामों में नियमानुसार नए मतदान केंद्र स्थापित करने की मांग की है।
विधायक यादव ने पत्र में कहा है कि विधानसभा क्षेत्र के कई गांवों में मतदाताओं की सुविधा, मतदान केंद्रों की दूरी, भौगोलिक स्थिति और उपलब्ध शासकीय भवनों को ध्यान में रखते हुए मतदान केंद्रों की पुनर्समीक्षा आवश्यक है। दूरस्थ क्षेत्रों के मतदाताओं को मतदान के लिए अधिक दूरी तय करनी पड़ती है, ऐसे में नए केंद्रों की स्थापना से मतदान प्रक्रिया अधिक सुगम हो सकेगी।
इन गांवों के लिए प्रस्ताव
विधायक द्वारा नवीन मतदान केंद्रों के लिए प्रस्तावित गांवों की सूची भी निर्वाचन विभाग को सौंपी गई है। इनमें बेलर, नवागांव, चितमखार, अमुरा, भीमखोज, रैतल, पड़कीपाली, फेगड़ा, खखराझुड़ा, फूलझर, घुंचापाली, डोंगा, रोजा, कुरूमभांठा, बंजरबाहरा, घोंघामाठा, चौर्मभट्ठी, जोगीडीपा, मातरबाहरा, गुलझर, कोंडेश्वर, सोनादादर, आमागांव, कस्तूरबोड़, डोकरपाली, धामनतोरसी, दावनबोड़, खुसरूपाली, हनुमानडीह, सराईपाली, उरदमाली, चुरूपाली, खड़ादरहा, बांसकांटा, मिलाईदादर कला, चिंगरिया, खट्टीडीह, पड़कुड़ा, करमूड़ा खुर्द, करमूड़ा कला, मातागुड़ा, लोंदाभांठा, भलेसर, भालुकोना, सेनभांठा, बेहराभांठा और बनियातोरा सहित अन्य ग्राम शामिल हैं।
नियमानुसार परीक्षण के बाद कार्रवाई की मांग
विधायक ने निर्वाचन अधिकारियों से प्रस्तावित ग्रामों और स्थानों का नियमानुसार परीक्षण कराने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि जहां मतदाताओं की संख्या, भौगोलिक परिस्थितियां अथवा मतदान केंद्र तक पहुंचने में कठिनाई के कारण नए केंद्र की आवश्यकता है, वहां निर्धारित मापदंडों के अनुरूप आवश्यक कार्रवाई की जानी चाहिए।
यादव ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए प्रत्येक पात्र मतदाता को मतदान का सहज और सुविधाजनक अवसर मिलना जरूरी है। मतदान केंद्रों का उचित युक्तियुक्तकरण होने से विशेषकर दूरस्थ एवं ग्रामीण क्षेत्रों के मतदाताओं को राहत मिलेगी और मतदान में उनकी भागीदारी बढ़ेगी।
उन्होंने निर्वाचन विभाग से प्रस्तावित सूची पर गंभीरतापूर्वक विचार करते हुए SSR प्रक्रिया के तहत आवश्यक परीक्षण एवं कार्रवाई कर नए मतदान केंद्रों की स्थापना सुनिश्चित करने की मांग की है।