चीता और वनभैंसा का शिकार, दो गिरफ्तार, एक फरार

पहले भी कर चुके हैं जंगली सुअर का शिकार
महासमुंद। खल्लारी मांता मंदिर पहाड़ी के नीचे तीन दिन पहले एक चीता और एक बायसन का करंट लगाकर शिकार करने वाले दो शिकारी को वन विभाग ने गिरफ्तार किया है। वहीं एक आरोपी अभी फरार है। आरोपियों के पास से बिजली का तार के अलावा शिकार करने का फंदा और बहुत से औजार मिले हैं।
बागबाहरा वन परिक्षेत्र के खल्लारी सर्किल के संरक्षित वन के कक्ष क्रमांक 182 में बीते 21 अप्रैल को शिकारियों ने बिजली तार का जाल बिछा कर एक चीता और वनभैंसा का शिकार किया था, जिसमें दोनों वन्य प्राणी की मौके पर ही मौत हो गई थी। इसके बाद दूसरे दिन यानी 22 अप्रैल को बागबाहरा वन परिक्षेत्र के रेंजर लोकनाथ ध्रुव के नेतृत्व में एक टीम गठित कर सर्च ऑपरेशन चलाया गया।
इस ऑपरेशन में आरोपी मुकेश रावत ( 33 ) ग्राम खल्लारी एवं मनोहर यादव ( 50 ) ग्राम ओंकारबंद को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों ने चीता और वनभैंसा के करेंट से मौत से पहले एक जंगली सुअर का भी शिकार कर उसे पकाकर खा गए थे । दोनों गिरफ्तार आरोपियों के पास से बिजली के तार, जंगली सुअर का पका मांस, कांच की शीशी, लोहे की कुल्हाड़ी , लकड़ी की खूंटी , जानवर का पंख, खरगोश एवं पक्षी को पकड़ने का फंदा बरामद हुआ है। आरोपियों के खिलाफ वन अधिनियम के तहत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।