शिशु संरक्षण माह की शुरुआत, बच्चों को विटामिन-ए व आयरन सिरप पिलाने का लक्ष्य
महासमुंद। जिले में शिशु संरक्षण माह (मार्च-अप्रैल 2026) का शुभारंभ कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में बच्चों को विटामिन-ए की दवा पिलाकर किया। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर सचिन भूतड़ा, रवि साहू सहित अन्य अधिकारी एवं बच्चों के अभिभावक मौजूद रहे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्री लंगेह ने कहा कि अभियान का मुख्य उद्देश्य बच्चों में कुपोषण, एनीमिया और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं की रोकथाम करना है, ताकि उनका शारीरिक और मानसिक विकास बेहतर हो सके। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे निर्धारित तिथियों पर अपने बच्चों को नजदीकी आंगनबाड़ी या स्वास्थ्य केंद्र लेकर अवश्य जाएं।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार, अभियान के तहत जिले में 9 माह से 59 माह तक के 1 लाख 10 हजार 493 बच्चों को विटामिन-ए सिरप पिलाने तथा 6 माह से 59 माह तक के 1 लाख 4 हजार 355 बच्चों को आयरन एवं फोलिक एसिड सिरप देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
अभियान के दौरान हर मंगलवार और शुक्रवार को विशेष स्वास्थ्य सत्र आयोजित किए जाएंगे। इन सत्रों में बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण, वजन मापन, एनीमिया जांच तथा पोषण संबंधी सेवाएं प्रदान की जाएंगी। साथ ही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, मितानिनों और स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा गांव-गांव में जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा।
गंभीर कुपोषित बच्चों की पहचान कर उन्हें उपचार के लिए रेफर किया जाएगा। अभिभावकों को स्तनपान और पोषण संबंधी परामर्श भी दिया जाएगा।
विशेषज्ञों के अनुसार, विटामिन-ए बच्चों की आंखों की रोशनी बनाए रखने, रतौंधी से बचाव करने और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, जिससे बच्चों का समग्र विकास बेहतर होता है।
