आरक्षित सीट को दूसरे वर्ग में बदलने का सतनामी समाज का विरोध

महासमुंद। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के समन्वयक पद पर अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित सीट को दूसरे वर्ग में बदलने पर सर्व अनुसूचित जाति समाज के सलाहकार दिनेश बंजारे व जिलाध्यक्ष रेखराज बघेल ने गुरुवार को जिला पंचायत सीईओ एस आलोक से मिलकर आपत्ति जताते हुए भर्ती प्रक्रिया निरस्त कर अजा वर्ग का अभ्यर्थी नियुक्त करने की मांग की। दिनेश बंजारे ने बताया कि पीएम आवास योजना ग्रामीण विकास भवन प्रथम तल सेक्टर 19 नार्थ ब्लॉक छग अटल नगर रायपुर के पत्र 1127, 3 सितंबर 2024 के अनुसार संविदा की विभिन्न रिक्त पदों पर आरक्षण रोस्टर अनुसार सूची जारी कर भर्ती करने 18 सितंबर 2024 तक आवेदन मंगाने विज्ञापन जारी किया गया था, जिसमें ब्लॉक समन्वयक पद महासमुंद जिला के बसना जनपद के लिए अनारक्षित व सरायपाली जनपद के लिए अनुसूचित जाति मुक्त आरक्षित थी। बसना जनपद के 1 पद अनारक्षित को यथावत रखा गया, लेकिन सरायपाली जनपद के लिए आरक्षित अनुसूचित जाति को बदल कर अन्य पिछड़ा वर्ग मुक्त कर दिया गया। यदि राज्य कार्यालय के जारी विज्ञापन में रोस्टर नियम का पालन नहीं किया गया था तो बसना जनपद का क्यों नहीं बदला गया? उन्होंने कहा कि जिला पंचायत के पांच जनपद में से एक अनुसूचित जाति के लिए पूर्व में कार्यरत थे, लेकिन जिला पंचायत ने गलत रोस्टर अपनाकर पूरे जिला के पांच जनपद में अनुसूचित जाति विहीन कर दिया है। इससे अनुसूचित जाति वर्ग के साथ घोर अन्याय है। अभी कार्यरत तीन ब्लॉक में भी अजा वर्ग की जनपद समन्वय नहीं है। इसे लेकर उन्होंने सीईओ एस आलोक को आपत्ति के लिए आवेदन सौंपा।

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