वेतन विसंगति सहित सात मांग, लिपिक संघ ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

महासमुंद 25 अक्टूबर 2024। लिपिक वर्गीय शासकीय कर्मचारी संघ ने वेतन विसंगति सहित सात सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है। लिपिक कर्मचारियों ने जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय से रैली निकालकर कलेक्टोरेट पहुंचे।
कर्मचारियों ने 1973 से लेकर 2006 तक अलग-अलग कमिशन द्वारा लागू किए गए वेतनमान को लेकर दिए रिपोर्ट के आधार पर सभी के लिए लागू किया गया है। कर्मचारियों का कहना है कि, सातवा वेतमान में पटवारी, शिक्षाकर्मी, शिक्षक, कृषि विभाग एवं पशुधन विभाग में कर्मचारियों का वेतन विसंगति का निराकरण कर सम्मानजनक वेतनमान निर्धारित किया गया है। लेकिन लिपिकों को इनसे भी कम दिया जा रहा है। यह उनके साथ भेदभाव है। कर्मचारियों का कहना है डाटा एंट्री ऑपरेटर जहां कम्प्यूटर में मात्र डाटा एंट्री या टायपिस्ट का काम करते हैं, जबकि एक सहायक ग्रेड -3 के कर्मचारी अभिलेखों का संधारण, प्रस्तुतीकरण एवं अभिलेखीय आधार पर डाटा तैयार कर उसे टाइप भी करता है। छत्तीसगढ़ लिपिक संघ के प्रांतीय महामंत्री चंद्र कुमार तिवारी ने बताया कि, लिपिकों की मांग को लेकर सरकार का ध्यान कई बार आकर्षित किया गया लेकिन सरकार कोई पहल नहीं की। मांगें पूरी नहीं होती है तो आगामी रणनीति के तहत चरणबद्ध तरीके से आंदोलन किया जाएगा।