इलेक्ट्रिक चाक मिलने से बदलेगी नारद चक्रधारी की तकदीर

भेंड्री शिविर में वितरित की गई आधुनिक उपकरण सामग्री
गरियाबंद, 02 जून 2026/ राज्य शासन द्वारा आयोजित सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत फिंगेश्वर विकासखंड के ग्राम भेंड्री में आयोजित जन समस्या निवारण शिविर में ग्राम कोसमखुटा निवासी कुम्हार नारद चक्रधारी को छत्तीसगढ़ माटी कला बोर्ड के माध्यम से इलेक्ट्रिक चाक प्रदान किया गया। विधायक रोहित साहू एवं कलेक्टर बी.एस. उइके द्वारा उन्हें यह सामग्री वितरित की गई। इस अवसर पर चार अन्य हितग्राहियों को भी इलेक्ट्रिक चाक प्रदान किया गया।
चक्रधारी ने बताया कि वे पारंपरिक रूप से माटी कला व्यवसाय से जुड़े हुए हैं तथा मिट्टी से निर्मित विभिन्न उत्पादों का निर्माण करते हैं। उनके द्वारा ग्रीष्म ऋतु में घड़ा, मटका एवं सुराही, दीपावली के अवसर पर दीया एवं मिट्टी के खिलौने तथा वर्षभर क्लोरी, कलसा, गमला एवं अन्य घरेलू उपयोग के मिट्टी के बर्तनों का निर्माण किया जाता है। उन्होंने बताया कि पूर्व में पारंपरिक चाक को हाथ से संचालित कर उत्पाद तैयार किए जाते थे, जिससे अधिक समय एवं श्रम की आवश्यकता होती थी तथा उत्पादन क्षमता सीमित रहती थी। इलेक्ट्रिक चाक प्राप्त होने के पश्चात उत्पादन प्रक्रिया अधिक सुगम एवं तेज हो गई है। इसके परिणामस्वरूप उनकी उत्पादन क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। जहां पूर्व में वे प्रतिमाह लगभग 10 से 12 हजार रुपये मूल्य के उत्पाद तैयार कर पाते थे, वहीं वर्तमान में लगभग 20 हजार रुपये तक के उत्पाद तैयार करने में सक्षम हैं।
उन्होंने यह भी बताया कि दीपावली सहित अन्य त्यौहारों के दौरान मिट्टी के उत्पादों की मांग बढ़ने पर उनकी मासिक आय 22 से 25 हजार रुपये तक पहुंच जाती है। इलेक्ट्रिक चाक के उपयोग से समय की बचत होने के साथ-साथ शारीरिक श्रम में कमी आई है, जिससे व्यवसाय को और अधिक व्यवस्थित एवं लाभकारी बनाने में सहायता मिल रही है। नारद चक्रधारी ने शासन की इस पहल के लिए माननीय मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार की सहायता से पारंपरिक कारीगरों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के साथ-साथ उनकी आजीविका को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण सहयोग प्राप्त हो रहा है।

इन्हें भी पढ़े