नशामुक्त भारत अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक ने दिलाया नशामुक्ति का दिलाई शपथ
गरियाबंद 13 अगस्त 2025/ नशामुक्त भारत अभियान के अंतर्गत आज वन विभाग के ऑक्सन हॉल में नशामुक्ति कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान जिले में नशामुक्त भारत अभियान के तहत् समाज कल्याण विभाग द्वारा जिले के स्कूल, नर्सिंग कॉलेजों के छात्र-छात्राओं एवं नशामुक्ति केन्द्र से आए लोग के बीच नशामुक्ति के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिला कलेक्टर बी.एस. उइके एवं पुलिस अधीक्षक निखिल राखेचा, उप संचालक समाज कल्याण डी.पी ठाकुर सहित अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे।
इस अवसर पर कलेक्टर उइके ने कहा कि नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि उसके परिवार और समाज को भी नुकसान पहुंचाता है। उन्होंने कहा कि हमें खुद भी नशे से दूर रहना है और दूसरों को भी जागरूक करना है। नशा के कारण परिवार टूट रहे हैं, संबंध खराब हो रहे हैं और बच्चों की दुर्दशा हो रही है। नशा से ही अनेक तरह की बुराईयां जैसे शारीरिक, मानसिक विकृति जन्म लेती हैं। नशे की आदत से छुटकारा दिलाने में समाज की सक्रिय भूमिका होना चाहिए। नशामुक्ति के साथ ही भावी पीढ़ी को इससे बचाना बहुत जरूरी है। बच्चों के सामने और सार्वजनिक रूप से नशापान को रोका जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि जिले के स्कूल, कॉलेजों में समाजिक बुराई से बचने के लिए पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, समाज कल्याण विभाग, महिला एवं बाल कल्याण विभाग सहित अन्य विभागों के समन्वय से नशामुक्ति, यातायात जागरूकता, पर्यावरण, जल संरक्षण, सामाजिक बुराई से बचने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है।
कार्यक्रम में उपस्थित पुलिस अधीक्षक निखिल राखेचा ने कहा कि नशामुक्ति एक कठिन और बड़ा काम है। नशे के आदी लोगों का आर्थिक और सामाजिक नुकसान होता है। नशा परिवार को गरीबी की ओर धकेलता है। नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ जिला पुलिस सतत अभियान चला रही है। नशे से मुक्त समाज ही सुरक्षित, स्वस्थ और प्रगतिशील बन सकता है। नशापान व्यक्ति नशा छोड़ने के लिए समझदारी और आत्म विश्वास होना चाहिए। नशापान से कई परिवार कर्ज के बोझ से बर्बाद हो गए है। नशापान से सामाजिक, बौद्धिक, आर्थिक और शारीरिक नुकसान होता है। नशा बुरी आदतों में से एक है। उन्होंने नशापान से ग्रसित व्यक्तियों को नशामुक्ति केन्द्र में जाकर उपचार कराने की सलाह दी। इस दौरान कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक ने उपस्थित लोगों को सामूहिक रूप से नशामुक्त भारत के तहत एकजुट होकर समाज, परिवार, मित्र एवं स्वयं को भी नशामुक्त रखने की शपथ दिलाई।
इस अवसर पर समाज कल्याण विभाग के उप संचालक डी.पी. ठाकुर द्वारा नशा मुक्त भारत अभियान के बारे में विस्तृत जानकारी दी। जिसमे नशा क्या है नशा से होने वाले बीमारी इससे हम कैसे दूर रह सकते है पुनर्वास संबंधी जानकारी दी। उन्होंने नशे के दुष्प्रभाव और निवारण उपायों पर जानकारी दी। जन जागरूकता कार्यक्रम के दौरान कबड्डी, खो-खो, कुर्सी दौड़, मटकी फोड़ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में विजेता प्रतिभागियों को पुरस्कार वितरण भी किया गया। इस अवसर पर आत्मानंद विद्यालय गरियाबंद के प्राचार्य दीपक कुमार साहू, स्कूली एवं महाविद्यालयीन छात्र-छात्राएं शिक्षकगण, नशामुक्ति केन्द्र के कर्मचारीगण एवं आम नागरिक मौजूद थे।