स्वच्छ और सुरक्षित स्ट्रीट फूड को लेकर 200 विक्रेताओं को मिला प्रशिक्षण
‘सर्व सेफ फूड’ अभियान के तहत दो दिवसीय निःशुल्क प्रशिक्षण संपन्न, विक्रेताओं को हाइजीन किट और प्रमाण-पत्र वितरित
महासमुंद। शहर में आमजन को स्वच्छ, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण स्ट्रीट फूड उपलब्ध कराने के साथ ही स्ट्रीट फूड विक्रेताओं की आजीविका को मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित दो दिवसीय निःशुल्क खाद्य सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न हुआ। ‘सर्व सेफ फूड’ अभियान के तहत आयोजित प्रशिक्षण में महासमुंद के करीब 200 स्ट्रीट फूड विक्रेताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम का आयोजन खाद्य सुरक्षा विभाग, नेशनल एसोसिएशन ऑफ स्ट्रीट वेंडर्स ऑफ इंडिया और नेस्ले इंडिया के संयुक्त तत्वावधान में किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि खाद्य सुरक्षा अधिकारी शंखनाद भोई तथा पूर्व पार्षद एवं स्ट्रीट वेंडर महासमुंद के संरक्षक पंकज साहू मौजूद रहे। खाद्य सुरक्षा अधिकारी भोई ने कहा कि जनस्वास्थ्य की दृष्टि से सुरक्षित स्ट्रीट फूड बेहद महत्वपूर्ण है। प्रशिक्षण का उद्देश्य विक्रेताओं को स्वच्छ एवं सुरक्षित तरीके से भोजन तैयार करने, खाद्य जनित बीमारियों की रोकथाम तथा एफएसएसएआई के खाद्य सुरक्षा मानकों के प्रति जागरूक करना है। उन्होंने प्रशिक्षित विक्रेताओं को उचित पहचान और हरसंभव प्रशासनिक सहयोग उपलब्ध कराने की बात कही।
स्वच्छता से बढ़ेगा ग्राहकों का भरोसा और आमदनी
प्रतिनिधि पंकज साहू ने कहा कि स्ट्रीट फूड विक्रेता शहर की खाद्य संस्कृति और स्थानीय अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा के मानकों का पालन करने से ग्राहकों का भरोसा बढ़ेगा, जिसका सीधा लाभ विक्रेताओं की आय और सामाजिक सम्मान पर पड़ेगा। उन्होंने कहा कि उद्देश्य केवल नियमों की जानकारी देना नहीं, बल्कि स्ट्रीट वेंडरों की आजीविका को सुरक्षित और सम्मानजनक बनाना भी है।
लाइव डेमो से सिखाए खाद्य सुरक्षा के तरीके
प्रशिक्षण के दौरान एफएसएसएआई के एफओएसटीएसी के अधिकृत प्रशिक्षक विशाल आनंद और दिलीप प्रजापति ने व्यावहारिक जानकारी के साथ लाइव डेमो दिया। विक्रेताओं को व्यक्तिगत स्वच्छता, खाद्य सुरक्षा के ‘गोल्डन रूल्स’, भोजन के सही तापमान का प्रबंधन, बर्तनों की सफाई, कचरा निस्तारण, कीट नियंत्रण तथा क्रॉस-कंटैमिनेशन से बचाव के वैज्ञानिक तरीके बताए गए।
200 विक्रेताओं को हाइजीन किट और प्रमाण-पत्र
प्रशिक्षण में शामिल सभी 200 स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को निःशुल्क प्रशिक्षण एवं सहभागिता प्रमाण-पत्र के साथ ‘गोल्डन रूल्स बुकलेट’ और हाइजीन किट प्रदान की गई। किट में एप्रन, कैप, ग्लव्स, साबुन और हैंड टॉवेल शामिल थे। कार्यक्रम के समापन पर सभी विक्रेताओं ने व्यवसाय के दौरान एप्रन, ग्लव्स और कैप का नियमित उपयोग करने तथा उपभोक्ताओं को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन परोसने की शपथ ली।
अधिकारियों ने बताया कि अभियान के तहत अगला खाद्य सुरक्षा प्रशिक्षण शिविर 1 सितंबर को सरायपाली में आयोजित किया जाएगा। यह प्रशिक्षण एफएसएसएआई की एफओएसटीएसी पहल का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य देश में सुरक्षित, स्वच्छ और स्वस्थ स्ट्रीट फूड संस्कृति को बढ़ावा देना है।
