दीदी ई-रिक्शा सहायता योजना से महिला श्रमिक को मिली नई पहचान, विधायक की अनुशंसा पर मिला ई-रिक्शा

श्रम विभाग की योजना से स्वरोजगार का अवसर; हितग्राही ने शासन और विधायक का जताया आभार
महासमुंद। छत्तीसगढ़ शासन के श्रम विभाग द्वारा संचालित दीदी ई-रिक्शा सहायता योजना के तहत महासमुंद शहर के वार्ड क्रमांक 4 की निवासी एवं पंजीकृत महिला श्रमिक राज बी को विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा की अनुशंसा पर ई-रिक्शा प्रदान किया गया। ई-रिक्शा मिलने के बाद हितग्राही ने छत्तीसगढ़ शासन और विधायक का आभार व्यक्त करते हुए इसे उनके जीवन में आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम बताया।
राज बी ने बताया कि वह मजदूर वर्ग से जुड़ी हैं और श्रम विभाग में पंजीकृत निर्माण श्रमिक हैं। योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने आवश्यक दस्तावेजों के साथ आवेदन किया। विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा की अनुशंसा के बाद उन्हें योजना का लाभ मिला और अब ई-रिक्शा के माध्यम से स्वरोजगार कर परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने का अवसर प्राप्त हुआ है।
गौरतलब है कि श्रम विभाग की दीदी ई-रिक्शा सहायता योजना के तहत पंजीकृत महिला निर्माण श्रमिकों एवं असंगठित कर्मकारों को ई-रिक्शा खरीदने के लिए अनुदान (सब्सिडी) उपलब्ध कराया जाता है। योजना का उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
इस अवसर पर विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा ने कहा कि प्रदेश सरकार महिला श्रमिकों को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें सम्मानजनक आजीविका उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि ई-रिक्शा जैसी योजनाओं से महिलाओं को स्वयं का रोजगार स्थापित करने का अवसर मिल रहा है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होने के साथ आत्मविश्वास भी बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य की डबल इंजन सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण के लिए जनहितकारी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन कर रही है।
कार्यक्रम के दौरान नगर पालिका उपाध्यक्ष देवीचंद राठी, मंडल अध्यक्ष महेंद्र सिका, भाजपा नेता गोविंद ठाकुर, रेखा बेहरा, अरविंद प्रहरे, हनीश बग्गा, तुलाराम कन्नौजे, शरद मराठा, दिनेश रूपरेला, आकाश पांडे तथा अमित साहू सहित अन्य जनप्रतिनिधियों एवं कार्यकर्ताओं ने हितग्राही महिला को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।