नीट पेपर लीक पर कृष्णा चंद्राकर का हमला

“मेहनती विद्यार्थियों के सपनों के साथ हो रहा खिलवाड़, दोषियों पर हो कड़ी कार्रवाई”
महासमुंद। देश की प्रतिष्ठित मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट में पेपर लीक और धांधली के मामलों को लेकर पूर्व कार्यकारी नगर पालिका अध्यक्ष कृष्णा चंद्राकर ने केंद्र सरकार और परीक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं लाखों मेहनती विद्यार्थियों के भविष्य के साथ सीधा खिलवाड़ हैं और यह प्रशासनिक विफलता का गंभीर उदाहरण है।
श्री चंद्राकर ने कहा कि देशभर के विद्यार्थी वर्षों तक कठिन मेहनत कर डॉक्टर बनने का सपना देखते हैं, लेकिन पेपर लीक और भ्रष्टाचार जैसी घटनाएं उनकी मेहनत पर पानी फेर देती हैं। उन्होंने कहा कि “पेपर लीक होना युवाओं के सपनों के टूटने जैसा है। यह केवल परीक्षा में गड़बड़ी नहीं, बल्कि देश के भविष्य के साथ विश्वासघात है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि समस्या केवल परीक्षा आयोजित करने के तरीके तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरी परीक्षा प्रणाली में बैठे भ्रष्ट तत्व इसके लिए जिम्मेदार हैं। उनका कहना है कि गरीब एवं मेहनती विद्यार्थियों के अधिकारों की रक्षा के लिए शिक्षा और परीक्षा व्यवस्था में आमूल-चूल बदलाव जरूरी है।
कृष्णा चंद्राकर ने मांग की कि पेपर लीक और धांधली में शामिल दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। उन्होंने कहा कि देश की सबसे महत्वपूर्ण परीक्षाओं में शामिल नीट का पेपर लीक होना बेहद गंभीर और चिंताजनक विषय है। उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि “डबल इंजन सरकार” वाले जिन राज्यों से पेपर लीक की घटनाएं सामने आई हैं, उन्हें इसकी जिम्मेदारी स्वीकार करनी चाहिए और विद्यार्थियों से माफी मांगनी चाहिए।