वार्डवासियों के विरोध के बाद उचित मूल्य दुकान निलंबित, संचालन दूसरे समूह को सौंपा

कलेक्टर के आदेश पर कार्रवाई, हितग्राहियों की सुविधा के लिए अस्थायी व्यवस्था लागू
महासमुंद। शहर के राशन दुकानों में 1 से 7 अप्रैल तक चावल उत्सव मनाया गया। तो दूसरी ओर महीनों राशन दुकान बंद रहने से नयापारा वार्ड नंबर 4 के पार्षद राहुल आंवडे सहित गरीब परिवारों ने दुकान के सामने धरना पर बैठ गया। इसकी भनक लगते ही कलेक्टर (खाद्य शाखा) द्वारा संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकान को निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई मोहल्लेवासियों के विरोध के बाद किया गया।
वार्ड नंबर 4 के पार्षद राहुल आंवडे की अगुवाई में नयापारा के अनेक हितग्राही राशन दुकान के सामने धरना में बैठ गया। पार्षद और हितग्राहियों का कहना था कि राशन दुकान नियमित नही खुलने से कई महीनों तक राशन नही मिलता। दूसरे वार्ड के राशन दुकान जाओ तो पहले स्थानीय वार्डवासियों को राशन देने के बाद ही हमें मिलता है। क ई महीने से शक्कर ही नही मिला पाया है। कामकाज छोड़कर राशन दुकान के चक्कर लगाना पड़ता है। इसके चलते सभी परेशान हैं। वही धरना में बैठ होने की जानकारी मिलते ही खाद्य निरीक्षक को धरना स्थल भेजा गया। यहां पार्षद राहुल आंवडे के साथ मोहल्ला वासियों ने लिखित शिकायत दी। इसके बाद कलेक्टर द्वारा निलंबन की कार्रवाई की गई। जारी आदेश में बताया गया है कि “उत्कल महिला बचत एवं साख समिति, महासमुंद” द्वारा संचालित शासकीय उचित मूल्य दुकान (आईडी 581001017) के संचालन में अनियमितताएं पाई गईं। साथ ही संबंधित दुकान के स्थान एवं संचालन व्यवस्था को लेकर भी आपत्तियां सामने आईं। इसके मद्देनजर पूर्व में जारी आवंटन प्राधिकरण पत्र को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
जांच के दौरान यह भी पाया गया कि संबंधित दुकान का संचालन नियमानुसार नहीं हो रहा था, जिससे हितग्राहियों को असुविधा हो रही थी। इस पर खाद्य निरीक्षक की रिपोर्ट के आधार पर कलेक्टर ने उक्त कार्रवाई की।
हितग्राहियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए निलंबित दुकान (आईडी 581001017) को अस्थायी रूप से शासकीय उचित मूल्य दुकान (आईडी 581001002) “जय मां शीतला खाद्य सुरक्षा पोषण एवं उपभोक्ता सेवा सहकारी समिति मर्यादित, महासमुंद” से संबद्ध किया गया है। यह व्यवस्था आगामी आदेश तक प्रभावी रहेगी।
जारी आदेश में संबंधित संस्था को निर्देशित किया गया है कि ई-पॉस मशीन, राशन सामग्री, उपकरण एवं सभी आवश्यक दस्तावेज नियमानुसार संबंधित नई संचालन एजेंसी को सुपुर्द करें। साथ ही सभी प्रक्रियाओं का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा और हितग्राहियों को नियमित रूप से राशन उपलब्ध कराना प्राथमिकता रहेगी।