खून की कमी से जूझ रहे जरूरतमंदों के लिए वरदान बनी मां खल्लारी सेवा समिति
महासमुंद। सेवा और समर्पण की मिसाल पेश करते हुए मां खल्लारी रक्तदान सेवा समिति क्षेत्र में रक्त की कमी से जूझ रहे जरूरतमंदों के लिए एक बड़ा सहारा बनकर उभरी है। वर्ष 2023 में स्थापित हुई इस समिति ने अपने छोटे से सफर में अब तक 200 से ज्यादा दुर्घटना में घायल मरीजों, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को समय पर रक्त उपलब्ध कराकर उन्हें नया जीवन प्रदान किया है। समिति की इस उपलब्धि के पीछे 376 से अधिक सक्रिय सदस्यों की एक विशाल टीम है, जो किसी भी आपात स्थिति में रक्तदान करने के लिए सदैव तत्पर रहती है।
समिति की नींव एक भावुक कर देने वाले व्यक्तिगत संघर्ष पर टिकी है। संस्थापक एवं अध्यक्ष संतोष कुमार छात्रे ने उस समय इस संस्था की कल्पना की थी, जब उनकी स्वयं की माता जी गंभीर रूप से बीमार थीं और उन्हें रक्त के लिए भारी मशक्कत करनी पड़ी थी। उस समय की पीड़ा और संघर्ष को महसूस करते हुए उन्होंने ठाना कि किसी भी अन्य बेटे या परिवार को रक्त के अभाव में ऐसी परिस्थिति का सामना न करना पड़े। इसी उद्देश्य के साथ उन्होंने गर्भवती माताओं और जरूरतमंदों की सेवा के लिए इस विशेष अभियान की शुरूआत की। समिति की कार्यप्रणाली केवल रक्तदान तक ही सीमित नहीं है, बल्कि आपातकालीन सेवाओं में भी यह अग्रणी भूमिका निभा रही है। समिति के सदस्य मुकेश तम्बोली के नेतृत्व में समिति द्वारा नि:शुल्क एंबुलेंस और आपातकालीन सेवाएं संचालित की जा रही है, जो दुर्घटना के समय घायलों के लिए वरदान साबित हो रही है। समिति के संगठनात्मक ढांचे को मजबूती प्रदान करने में उपाध्यक्ष सुरेन्द्र मनहरण ठेठवार, सचिव दौलत चंद्राकर, निलेश साहू और केशव दास मानिकपुरी सहित अन्य सभी सदस्य अपनी महत्वपूर्ण सेवाएं दे रहे हैं। अध्यक्ष संतोष छात्रे ने बताया कि समिति का हर सदस्य नि:स्वार्थ भाव से समाज सेवा के कार्य में जुटा है।
