भोरिंग समिति में किसानों को दिए जा रहे फटे बारदाने

महासमुंद। धान खरीदी केंद्र भोरिंग में विगत 2-3 दिनों से धान बेचने आने वाले किसानों को बारदाने की संकट से जूझना पड़ रहा है। किसानों को समिति द्वारा पुराने बारदाने दिए जा रहे हैं। जो धान भरने लायक नहीं है। पुराने बारदाने बूरी तरह से फटे हुए हैं। जिसमें धान नहीं भरा जा सकता। किसान बारदाने छांट-छांट कर उसमें धान भर रहे हैं। जिससे किसानों को भारी नुकसान हो रहा है। एक तो लंबे समय तक पारी का इंतजार करने के बाद धान बेचने का समय आता है तो पुराने बारदानों से धान विक्रय कर पाना असंभव साबित हो रहा है। भोरिंग समिति में किसानों को परेशान करने का काम किया जा रहा है। किसान विष्णु साहू, वेदप्रकाश साहू पंच, जगतराम साहू, सुखनंदन डहरिया, काव्या प्रकाश टंडन, नंदलाल यादव, रामप्रसाद धीवर, डेरहा राम साहू, हेमलाल साहू, अमरुद अजगर, जितेंद्र साहू, रामेश्वर बघेल, मदन आवड़े, कविदास सोनवानी, मानिकराम सोनवानी, कुंदन प्रजापति, निर्मल साहू, चंद्रशेखर साहू आदि ने समस्या बताते हुए साबूत बारदाने देने की मांग की है। इस संबंध में खरीदी केंद्र प्रभारी ने कहा कि मिलरों से बात हो गई है, एक-दो दिन में बारदाने आ जाएंगे।