टीचर ने होने से नाराज गांववालों ने स्कूल मे जड़ा ताला, बैठे धरने पर
महासमुंद 12 अक्टूबर 2024। सरायपाली के ग्राम लिमाउगुड़ा के ग्रामीणों और पालकों ने मिलकर बच्चों को स्कूल भेजने से इंकार करते हुए स्कूल के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया और धरने पर बैठ गए। पालकों का कहना है स्कूल खुलने के तीन महीने बाद भी विभाग शिक्षक की व्यवस्था नहीं कर पाया है। शिक्षा अधिकारी द्वारा जल्द ही शिक्षक की व्यवस्था कराने के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने धरना खत्म किया।
लिमाउगुड़ा गांव के प्रयामरी स्कूल में 58 बच्चे पढ़ते हैं उन्हें पढ़ाने के लिए महज़ एक शिक्षक है। ऐसे में बच्चों के भविष्य को लेकर कई बार विकाश खंड शिक्षा अधिकारी को आवेदन दिया। इसके बाद भी शिक्षक की व्यवस्था नहीं की गई तो सोमवार को ग्रामीणों ने स्कूल के गेट पर ताला लगा दिया और बाहर धरने पर बैठ गए। रविलाल चौहान, सीतू कुमार साहू, कैवरा चौहान का कहना हैं कि साल भर से शिक्षक की मांग कर रहे हैं, लेकिन आज तक शिक्षक नहीं मिल पाया। उन्होंने ने बताया कि, एक शिक्षक जो पहले पदस्थ था लेकिन समय में नहीं आने जाने के कारण उसे ग्रामीणों के कहने पर दूसरे स्कूल में अटेचमेंट किया गया। लेकिन उसके बदले में लिमाउगुड़ा में शिक्षक नहीं भेजा गया। वहीं स्कूल गेट पर ताला और धरना प्रदर्शन की जानकारी जैसे ही शिक्षा विभाग को लगी तत्काल विकास खंड शिक्षा अधिकारी प्रकाश मांझी गांव पहुंचे। उन्होंने जल्द से जल्द शिक्षक भेजनें का आश्वासन दिया। ग्रामीणों ने अधिकारी के कहने पर धरना खत्म कर दिया, लेकिन अगर शिक्षक की कमी पूरी नहीं होने पर उन्होंने आंदोलन की चेतावनी दी है।
