ओडिशा से कार में गांजा भरकर रायपुर जा रहे थे 4 तस्कर, पुलिस ने दबोचा
एन एच-53 चेकपोस्ट पर नाकाबंदी में पकड़ी गई कार; 23.5 किलो गांजा, कार और मोबाइल समेत 19.95 लाख रुपए की संपत्ति जब्त
महासमुंद। ओडिशा से कार में गांजा भरकर रायपुर में खपाने जा रहे चार तस्करों को पुलिस ने अंतरराज्यीय चेकपोस्ट नेशनल हाईवे-53 पर घेराबंदी कर गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 23.500 किलो गांजा बरामद हुआ, जिसकी कीमत करीब 11.75 लाख रुपए बताई गई है। पुलिस ने गांजा परिवहन में इस्तेमाल किया कैरेंस कार, चार मोबाइल समेत कुल 19.95 लाख रुपए की संपत्ति जब्त की है। कार्रवाई एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स और सिंघोड़ा पुलिस की संयुक्त टीम ने की।
पुलिस के अनुसार, जिले में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चल रहे ऑपरेशन निश्चय के तहत लगातार संदिग्ध वाहनों की जांच और निगरानी की जा रही है। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि ओडी 02 सीटी 3301 नंबर की किया कैरेंस कार में ओडिशा से गांजा लेकर तस्कर छत्तीसगढ़ की ओर आ रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने अंतरराज्यीय चेकपोस्ट एन एच-53 पर नाकाबंदी कर संदिग्ध वाहन का इंतजार शुरू किया।
कुछ देर बाद मुखबिर के बताए नंबर की कार चेकपोस्ट पर पहुंची। पुलिस ने कार को रोककर उसमें सवार चार लोगों से पूछताछ की। शुरुआत में सभी ने गंतव्य को लेकर गोलमोल जवाब दिए। पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो कार की पिछली सीट पर सफेद रंग की बोरियों में गांजा छिपाकर ले जाने की बात सामने आई।
पुलिस ने आरोपियों और गवाहों की मौजूदगी में कार की तलाशी ली। पिछली सीट से 23.500 किलो गांजा बरामद हुआ। पूछताछ में आरोपियों ने गांजा ओडिशा के जिला बौध से लोड कर रायपुर ले जाने की बात बताई। पुलिस ने मौके पर गांजा जब्त करने के साथ तस्करी में प्रयुक्त 8 लाख रुपए कीमत की किया कैरेंस कार और चार मोबाइल फोन कीमत 20,500 रुपए भी जब्त किए।
चारों आरोपी बौध जिले के
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान केशव गाई गौउरिया (32), स्वागत महाकुल (26), मनतोष पौड (28) और रविन्द्र बस्तिया (26) के रूप में हुई है। सभी आरोपी ओडिशा के जिला बौध क्षेत्र के रहने वाले हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा उन्हें कहां से मिला और रायपुर में इसकी सप्लाई किसे की जानी थी।
फॉरवर्ड-बैकवर्ड लिंक खंगाल रही पुलिस
मामले में पुलिस अब तस्करी के फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंक की जांच कर रही है। गांजा सप्लाई करने वाले स्रोत से लेकर रायपुर में इसे खपाने वाले नेटवर्क तक पहुंचने के लिए आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। पुलिस इस तस्करी से जुड़े अन्य लोगों और वित्तीय लेन-देन की भी पड़ताल कर रही है।
सिंघोड़ा थाने में आरोपियों के खिलाफ धारा 20(बी)II(बी) एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी गई है।
