कलेक्टर रणबीर शर्मा ने ली एनकार्ड, जिला सड़क सुरक्षा समिति एवं नषामुक्ति की ली बैठक
नेशनल हाईवे से हटाएं अतिक्रमण, गड्ढों की मरम्मत और खुले जल स्रोतों पर कराएं बैरिकेडिंग
गरियाबंद, 30 सितंबर 2026/ जिले के कलेक्टर रणबीर शर्मा ने आज जिला कार्यालय के सभाकक्ष में एनकार्ड, जिला सड़क सुरक्षा समिति एवं नशामुक्ति की बैठक लेकर जिले में सड़क सुरक्षा, यातायात व्यवस्था, नशामुक्ति अभियान एवं सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए सड़क सुरक्षा के उपायों को प्रभावी बनाने कहा। बैठक में कलेक्टर ने कहा कि पिछले वर्ष की तुलना में जिले में सड़क दुर्घटनाओं में कुछ कमी आई है, लेकिन दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए लगातार प्रयास जरूरी हैं। कलेक्टर श्री शर्मा ने सड़क पर घुमंतु एवं आवारा पशुओं के कारण होने वाली दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए नागरिकों से सहयोग की अपील की। उन्होंने घुमंतु पशुओं से संबंधित शिकायत अथवा सूचना प्रशासन तक पहुंचाने के लिए हेल्पलाइन नंबर 1033 एवं 1100 का प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री शर्मा ने सड़क सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध परिवहन विभाग एवं यातायात पुलिस को आवश्यक कार्रवाई करने तथा समझाइश देने के निर्देश दिए हैं। आवागमन के दौरान दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट तथा चारपहिया वाहन में सीट बेल्ट का नियमित उपयोग करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही स्कूली बच्चों एवं 18 वर्ष से कम आयु के नाबालिगों को बिना वैध लाइसेंस वाहन नहीं चलाने के लिए जागरूक करने को कहा। बैठक में कलेक्टर श्री शर्मा ने कहा कि पीएम राह-वीर योजना के तहत सड़क दुर्घटना में घायलों की तत्काल मदद करने के लिए लोगों को प्रेरित करें। उन्होंने दुर्घटना के बाद घायल व्यक्ति को गोल्डन ऑवर में अस्पताल पहुंचाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि समय पर अस्पताल पहुंचाने से घायल व्यक्ति का जीवन बचाया जा सकता है। इस योजना के तहत सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्तियों को तत्काल अस्पताल पहुंचाने पर मदद करने वाले व्यक्ति को 25 हजार की प्रोत्साहन राशि दी जाती है। उन्होंने अधिकारियों को इस योजना का प्रचार-प्रसार करने को कहा। उन्होंने कहा कि नेशनल हाइवे से अतिक्रमण हटाएं। साथ ही दुर्घटनाजन्य क्षेत्रों में संकेतक बोर्ड, रंबल स्टीक एवं सड़क सुरक्षा का उपयोग करें।
कलेक्टर ने नशामुक्ति अभियान की समीक्षा करते हुए आबकारी, समाज कल्याण, कृषि एवं राजस्व विभाग सहित संबंधित विभागों को नशामुक्ति के संदेश का व्यापक प्रचार-प्रसार करने कहा। उन्होंने नशामुक्ति के लिए टोल फ्री नंबर 14446 का अधिक से अधिक प्रचार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशा विनाश की जड़ है। स्कूली बच्चों एवं युवाओं को किसी भी प्रकार के नशे से दूर रखने के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। विद्यार्थियों के माध्यम से नो ड्रग्स विषय पर प्रतियोगिताएं आयोजित करने पर भी जोर दिया गया।
कलेक्टर ने कहा कि नशामुक्त भारत अभियान में रेडक्रॉस, एनसीसी, स्काउट-गाइड, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं एवं अन्य सामाजिक संगठनों की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने पोस्ट मैट्रिक छात्रावासों में स्वच्छता एवं हाइजीन पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। साथ ही जिले में कहीं भी अवैध या छिपी हुई नशीली फसलों की खेती होने की सूचना मिलने पर जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने कहा। कलेक्टर ने सभी अस्पतालों में प्रधानमंत्री राहत योजना सहित सड़क दुर्घटना से संबंधित सहायता योजनाओं की जानकारी प्रदर्शित करने के लिए फ्लेक्स लगाने के निर्देश दिए। इस दौरान संबंधित विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।
