राजस्व पखवाड़ा में 371 गांवों में लगे शिविर, 2771 में से 2295 आवेदनों का मौके पर निराकरण
महासमुंद। जिले में आमजनों की राजस्व संबंधी समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए आयोजित राजस्व पखवाड़ा अभियान के तहत 1 अप्रैल से 9 अप्रैल 2026 तक व्यापक स्तर पर शिविरों का आयोजन किया गया। इस दौरान जिले के कुल 371 ग्रामों में शिविर लगाए गए, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने अपनी समस्याएं दर्ज कराईं।
शिविरों में कुल 2771 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 2295 आवेदनों का मौके पर ही निराकरण कर दिया गया, जबकि 476 आवेदन अभी लंबित हैं। इन शिविरों में नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, जाति, आय एवं निवास प्रमाण पत्र जैसे विभिन्न राजस्व मामलों का समाधान किया गया। संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा मौके पर ही दस्तावेजों की जांच कर त्वरित कार्रवाई की गई।
राजस्व पखवाड़ा के तहत ग्राम भलेसर और अरंड में आयोजित शिविरों में जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में स्वामित्व योजना के तहत पट्टों का वितरण किया गया। वहीं ग्राम झलप, खल्लारी, अनसुला, बगारपाली, घोंच और केंदुवा में भी शिविर आयोजित कर पात्र हितग्राहियों को नामांतरण आदेश, सीमांकन पत्र, ऋण पुस्तिका और नक्शा प्रतिलिपि सहित आवश्यक दस्तावेज वितरित किए गए।
शिविरों में ग्रामीणों को शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी जा रही है, जिससे वे योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठा सकें। इस अभियान में पंचायत प्रतिनिधियों के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीणजन सक्रिय रूप से शामिल हो रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि राजस्व पखवाड़ा का अगला चरण मई माह में 4 से 18 मई तथा जून माह में 1 से 15 जून 2026 तक आयोजित किया जाएगा। कलेक्टर श्री लंगेह ने राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि शेष लंबित आवेदनों का प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र निराकरण किया जाए, ताकि आम जनता को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें। उन्होंने अधिकारियों को आमजनों के साथ संवेदनशीलता और पारदर्शिता के साथ कार्य करने तथा शासन की मंशा के अनुरूप त्वरित समाधान करने के निर्देश भी दिए।
