रबी सीजन में टोकन और क्यूआर कोड से होगा उर्वरक वितरण
नई डिजिटल व्यवस्था से पारदर्शिता बढ़ाने और कालाबाजारी पर रोक लगाने का प्रयास
कोरबा, 16 अक्टूबर 2026/रबी सीजन 2026-27 में किसानों को रासायनिक उर्वरकों के वितरण के लिए नई डिजिटल व्यवस्था लागू की जा रही है। कृषि विभाग द्वारा फ्रेमवर्क फॉर फर्टिलाइजर सेल थ्थ्ै सॉफ्टवेयर के माध्यम से टोकन प्रणाली से उर्वरक वितरित किए जाएंगे। इस व्यवस्था का उद्देश्य किसानों को सही समय पर उचित मूल्य पर उर्वरक उपलब्ध कराना, वितरण में पारदर्शिता बढ़ाना और कालाबाजारी पर रोक लगाना है।
थ्थ्ै एप के माध्यम से उर्वरक विक्रेताओं के स्टॉक, उर्वरकों की प्राप्ति, दैनिक बिक्री और शेष उपलब्धता का डिजिटल रिकॉर्ड रखा जाएगा। यूरिया, डीएपी, एसएसपी, एमओपी, एनपीके सहित अन्य उर्वरकों की बिक्री और स्टॉक की जानकारी भी इसमें दर्ज होगी। इससे उर्वरकों की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था की नियमित निगरानी की जा सकेगी। संबंधित अधिकारी उपलब्ध आंकड़ों के आधार पर मांग, आपूर्ति और वितरण की स्थिति की समीक्षा कर सकेंगे।
नई व्यवस्था के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए उपसंचालक कृषि, कोरबा द्वारा को जिले के वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारियों, कृषि विकास अधिकारियों, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारियों, कृषक मित्रों, निजी एवं थोक उर्वरक विक्रेताओं, सहकारी समितियों और लोक सेवा केंद्रों के प्रतिनिधियों को प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण में सॉफ्टवेयर की कार्यप्रणाली तथा टोकन के माध्यम से उर्वरक वितरण की प्रक्रिया की जानकारी दी गई। सहकारिता विभाग, विपणन संघ और सेवा सहकारी समितियों से जुड़े अधिकारियों-कर्मचारियों को भी तकनीकी प्रशिक्षण दिया गया।
किसानों तक नई व्यवस्था की जानकारी पहुंचाने के लिए कृषि विभाग का मैदानी अमला गांव-गांव कृषि चौपाल आयोजित करेगा। अगले सप्ताह से ग्राम स्तर पर होने वाली चौपालों में किसानों को एफएफएस सॉफ्टवेयर में टोकन जारी करने की प्रक्रिया और उर्वरक वितरण व्यवस्था की जानकारी दी जाएगी। कृषि विभाग का प्रयास है कि रबी सीजन में किसानों को उर्वरक प्राप्त करने में किसी तरह की परेशानी न हो।
