उर्वरक व्यवस्था के लिए विकासखंड स्तरीय उड़नदस्ता दल गठित

नोडल अधिकारी बनाए गए
बेमेतरा 20 अप्रैल 2026/- खरीफ मौसम 2026 को ध्यान में रखते हुए किसानों के हितों की सुरक्षा एवं उन्हें समय पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन बेमेतरा ने सख्त कदम उठाए हैं। मंत्रालय, नवा रायपुर द्वारा 25 मार्च 2026 को जारी निर्देशों के अनुपालन में उर्वरकों की कालाबाजारी, तस्करी, डायवर्सन, जमाखोरी, अधिक कीमत पर बिक्री तथा अमानक उर्वरकों के विक्रय पर प्रभावी रोक लगाने हेतु व्यापक कार्ययोजना लागू की गई है।
निर्देशों के अनुसार, ऐसी अवैध गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों एवं फर्मों के विरुद्ध कड़ी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर संबंधितों के खिलाफ पुलिस में प्राथमिकी दर्ज कर प्रकरण को माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसानों के साथ किसी भी प्रकार की अनियमितता या शोषण किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उर्वरक वितरण व्यवस्था को मजबूत एवं पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से विकासखंड स्तर पर उड़नदस्ता दल का गठन किया गया है। इस दल में अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) को नोडल अधिकारी, तहसीलदार एवं वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी को सहायक नोडल अधिकारी तथा ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी (उर्वरक शाखा) को सदस्य के रूप में जिम्मेदारी सौंपी गई है।
उक्त उड़नदस्ता दल नियमित रूप से उर्वरक दुकानों, गोदामों एवं वितरण केंद्रों का निरीक्षण कर निगरानी रखेगा। किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर तत्काल सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
जिला प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या शिकायत की जानकारी तत्काल संबंधित अधिकारियों को दें, ताकि त्वरित कार्रवाई कर पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके। यह पहल किसानों को सही समय पर उचित मूल्य पर गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।