राष्ट्रीय बालिका दिवस पर विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन

बेमेतरा 24 जनवरी 2026/- माननीय अध्यक्ष/प्रधान जिला न्यायाधीश श्रीमती सरोज नन्द दास जी के मार्गदर्शन एवं श्रीमती अनिता कोशिमा रावटे, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बेमेतरा के निर्देशन में नालसा द्वारा प्रकाशित “नालसा (आशा – जागरूकता, समर्थन, सहायता एवं कार्रवाई)” योजना के अंतर्गत राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला, ग्राम बावामोहतरा में विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर में अधिवक्ता आयुष शुक्ला ने उपस्थित ग्रामीणजनों एवं विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य बालिकाओं को शिक्षा, स्वास्थ्य एवं सुरक्षा प्रदान कर उन्हें सशक्त बनाना है, ताकि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक हो सकें। उन्होंने बाल विवाह निषेध अधिनियम एवं दहेज निषेध अधिनियम के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
अधिवक्ता देवेंद्र साहू ने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम की जानकारी देते हुए बताया कि राष्ट्रीय बालिका दिवस क्यों मनाया जाता है तथा इसका सामाजिक महत्व क्या है। अधिवक्ता सूरज मिश्रा ने बालिकाओं को बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा का विरोध करने के लिए प्रेरित किया तथा आवश्यकता पड़ने पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से संपर्क करने की जानकारी दी।
अधिवक्ता श्रीमती पी. राजेश्वरी ने घरेलू महिलाओं के उत्पीड़न से संबंधित शिकायत प्रक्रिया की जानकारी देते हुए महिलाओं को उनके कानूनी अधिकारों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि महिलाएं विधिक सहायता के माध्यम से अपने अधिकारों की रक्षा कर सकती हैं।
यह शिविर बाल विवाह जैसी गंभीर सामाजिक बुराई को समाप्त करने तथा देश की प्रत्येक बालिका को सशक्त बनाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान बालिकाओं की शिक्षा में निरंतरता, कौशल विकास एवं श्रमबल में सहभागिता, महिलाओं के पोषण स्तर में सुधार, प्रजनन एवं समग्र स्वास्थ्य की देखभाल, महिलाओं की सुरक्षा एवं संरक्षा तथा सामाजिक सुरक्षा, खेल एवं नेतृत्व में महिलाओं की भागीदारी जैसे विषयों पर विशेष रूप से प्रकाश डाला गया।
उक्त शिविर में लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम (LADCS) के अंतर्गत सहायक प्रतिरक्षा अधिवक्ता आयुष शुक्ला, देवेंद्र साहू, श्रीमती पी. राजेश्वरी एवं सूरज मिश्रा (डिप्टी चीफ LADCS) उपस्थित रहे। शिविर में विद्यार्थियों एवं ग्रामीणजनों की सहभागिता सराहनीय रही तथा कार्यक्रम को सकारात्मक प्रतिक्रिया प्राप्त हुई।