आधुनिक तकनीक से टमाटर-मिर्च की खेती से बदली जिंदगी

दंतेवाड़ा, 28 सितंबर 2024। टमाटर, मिर्च लगाकर झोडि़याबाड़म की दीदियां बदल रही है अपनी जिंदगी की तस्वीर। सरकार ने विगत वर्ष में कृषि क्षेत्र को प्राथमिकता देकर विभिन्न योजनाओं को संचालित किया है और इसका सीधा प्रभाव पर दिख रहा है।
ग्राम पंचायत झोडि़याबाड़म (कलार पारा) की जय मां दंतेश्वरी स्व-सहायता समूह (बिहान) की दीदी पीला बाई सेठिया व मालेश्वरी सेठिया ने भी समूह से जुड़कर अपने कृषि कार्य को एक नयी दिशा दी है। उन्होंने उन्नत किस्म के टमाटर, मिर्ची को अपनाया जो अधिक उत्पादक और कीटों के प्रति प्रतिरोधी थीं। फिर ड्रिप इरिगेशन तकनीक माध्यम से उन्होंने पानी की बचत और पौधों को सही मात्रा में पानी देने की विधि अपनाई इससे ने केवल उत्पादन में वृद्धि हुई साथ ही साथ पानी का सही उपयोग भी हुआ। इसके अलावा पीलाबाई एवं मालेश्वरी सेठिया ने ऑर्गेनिक खेती की तरफ भी ध्यान दिया और उन्होंने रासायनिक उर्वरकों की जगह जैविक खाद का उपयोग शुरू किया, जिससे उनकी फसल की गुणवत्ता बेहतर हुई और बाजार में उनके उगाए टमाटर की मांग बढ़ी। इसके साथ ही उन्होंने ’’मल्चिंग तकनीक (प्लास्टिक कवर का उपयोग) विधि अपना कर टमाटर, मिर्च की क्यारियों में मिट्टी की नमी को बनाया रखकर खरपतवार नियंत्रित भी किया। इससे भूमि की उर्वरता बनाए रखने में मदद मिली और उनकी टमाटर, मिर्च की फसल को अतिरिक्त लाभ हुआ। इन महिलाओं के कृषि पहल से प्रेरित होकर समूह के अन्य दीदियां भी लघु स्तर पर शाक सब्जियों की खेती कर रही है। बहरहाल इन दीदियों ने शाक सब्जियों के खेती में अपने लिए अतिरिक्त आय का जरिया को तलाश कर एक प्रगतिशील महिला कृषक का दर्जा हासिल कर लिया है।